नेपोटिज्म किसे कहते हैं ?

By | June 26, 2021

नेपोटिज्म किसे कहते हैं ? – आज इस आर्टिकल में हम एक बहुत गंभीर मुद्दे पर चर्चा करने जा रहे हैं। आज इस आर्टिकल में हम नेपोटिज्म के बारे में चर्चा करेंगे। आज इस आर्टिकल में हम आपको बताएंगे नेपोटिज्म क्या होता है? नेपोटिज्म किस क्षेत्र में ज्यादा होता है? अगर आप भी नेपोटिज्म के बारे में जानना चाहते हैं तो यह आर्टिकल आखरी तक पूरा पढ़िए। इस आर्टिकल में आपको नेपोटिज्म से जुड़ी संपूर्ण जानकारी विस्तार से बताई गई है।

जैसा की आप सभी को पता है आज से कुछ महीने पहले बॉलीवुड के एक बहुत मशहूर हस्ती सुशांत सिंह राजपूत ने कुछ निजी कारणों की वजह से आत्महत्या कर ली थी। सुशांत सिंह राजपूत के हत्या के बाद सारी मीडिया और न्यूज़पेपर में एक मुद्दा जोर-शोर से उठाया गया और वह मुद्दा था नेपोटिज्म का। सुशांत सिंह राजपूत ने सुसाइड चाहे जिस वजह से की हो लेकिन उनके समर्थकों का कहना था कि नेपोटिज्म के कारण सुशांत सिंह राजपूत की मृत्यु हुई है। जितने भी टीवी पर डिबेट होती थी उन सभी डिबेट में दो पक्ष के लोग बैठते थे। पहला पक्ष जो नेपोटिज्म का समर्थन करता था और दूसरा पक्ष जो नेपोटिज्म का विरोध करता था।

उस समय बहुत कम लोग ऐसे थे जो नेपोटिज्म का सही अर्थ जानते थे। हालांकि आज से पहले कभी हमारे देश में नेपोटिज्म जैसे शब्द का इस्तेमाल नहीं हुआ था। यह शब्द सुशांत सिंह राजपूत की हत्या के बाद ही प्रकाश में आया। बहुत से लोगों ने नेपोटिज्म का मतलब जानने के लिए यूट्यूब पर सर्च किया नेपोटिज्म क्या है? लेकिन उन्हें संतोषजनक उत्तर नहीं मिला।

आपकी जानकारी के लिए बता दें नेपोटिज्म शब्द भले ही प्रकाश में अभी कुछ महीनों पहले आया है। लेकिन नेपोटिज्म से जुड़ी घटनाएं अनंत काल से चली आ रही है। पुराने समय में वर्ण व्यवस्था लागू थी। उस वर्ण व्यवस्था के अंतर्गत सिर्फ युद्ध करने का काम छत्रिय करते थे, व्यापार करने का काम वैश्य करते थे और साफ सफाई का काम शुद्ध करते थे। सुद्र का लड़का चाहे जितना पढ़ा लिखा हो या चाहे जितना काबिल हो उसे शूद्र का ही काम करना पड़ता था।

नेपोटिज्म क्या है ?

तो आइए अब हम आपका ज्यादा समय बर्बाद ना करते हुए आपको बताते हैं नेपोटिज्म क्या है? साधारण भाषा में नेपोटिज्म का मतलब भाई भतीजावाद या परिवारवाद होता है।

आइए हम आपको इसे एक उदाहरण के द्वारा समझाते हैं। मान लीजिए आप किसी बहुत बड़ी ऑफिस में जॉब करते हैं। उसी कंपनी में कुछ पद खाली हैं। उस खाली पद के लिए ढेर सारे काबिल और समझदार लोगों ने आवेदन किया है। एक आवेदन आपके पुत्र या आपके किसी रिश्तेदार ने भी कर दिया। यहां पर आप योग्यता और शिक्षा को महत्व न देकर अगर अपने रिश्तेदार को नौकरी दे देंगे तो यह परिवारवाद या नेपोटिज्म कहलाएगा।

नेपोटिज्म का सीधा मतलब होता है अपने किसी खास दोस्त रिश्तेदार या परिवार के लोगों को हर समय अन्य लोगों से ज्यादा महत्व देना। वर्तमान समय में नेपोटिज्म हर एक स्थान पर देखने को मिलता है।

नेपोटिज्म कहां कहां पर होता है ?

जैसा कि हमने पहले ही आपको बताया था नेपोटिज्म आज हर एक क्षेत्र में देखने को मिल जाएगा। नीचे हम आपको उन प्रमुख क्षेत्रों के बारे में बता रहे हैं जहां पर व्यापक मात्रा में नेपोटिज्म प्रणाली लागू है।

राजनीति में नेपोटिज्म

नेपोटिज्म का साक्षात उदाहरण आप को राजनीति में देखने को मिल जाएगा। जितने भी विधायक या मंत्री या मुख्यमंत्री होते हैं वह अपने बेटे या भतीजे को ही चुनाव लड़वाते  हैं। यदि आप उत्तर प्रदेश में देखे तो उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री मुलायम सिंह यादव थे। इसके बाद मुलायम सिंह यादव ने जब गद्दी छोड़ दी तो अब अखिलेश यादव मुख्यमंत्री बन गए। कांग्रेस शासनकाल में भी इंदिरा गांधी राजीव गांधी राहुल गांधी प्रियंका गांधी यह सब एक ही परिवार के हैं और पूरी पार्टी को चला रहे हैं। बिल्कुल इसी प्रकार हर राजनीति पार्टी अपने भाई भतीजे या पुत्र को ज्यादा महत्व देती है।

बॉलीवुड में नेपोटिज्म

बॉलीवुड भी एक ऐसी जगह है जहां पर नेपोटिज्म कूट कूट कर भरा है। जितने भी पापुलर एक्टर होते हैं वह अपने पुत्र या पुत्रियों को फिल्म में काम करवाते हैं। इसका सीधा साधा उदाहरण अमिताभ बच्चन और उनके पुत्र अभिषेक बच्चन है। अन्य भी कई उदाहरण हैं जहां पर आपको नेपोटिज्म की झलक देखने को मिल जाएगी।

निष्कर्ष

तो यह आज आपके लिए एक छोटी सी जानकारी थी। आज इस आर्टिकल में हमने आपको नेपोटिज्म के बारे में समझाया। हमने आपको बताया नेपोटिज्म क्या है? नेपोटिज्म कहां कहां पर होता है? आशा करता हूं यह जानकारी आपको पसंद आई होगी। अगर आपको यह जानकारी अच्छी लगी है इसे अपने दोस्तों के साथ शेयर करें। आर्टिकल को आखरी तक पढ़ने के लिए बहुत-बहुत धन्यवाद।